1.89 लाख कॉमर्शियल वाहनों से टोल टैक्स वसूलेगी सरकार

1.89 लाख कॉमर्शियल वाहनों से टोल टैक्स वसूलेगी सरकार
Posted By: Khabar Mantra Online
13-Mar-2021

रांची। राज्य में व्यवसायिक वाहनों से सड़कों पर परिचालन के एवज में टोल टैक्स वसूलने की तैयारी की जा रही है। यह टोल राज्य अंतर्गत पड़ने वाली सड़कों पर परिचालन के लिए वसूला जायेगा। टोल लेने के पहले सड़कों को अपगे्रड कर कम से कम दो लेन तक किया जायेगा। हालांकि, जो पहले से दो लेन या इंटरमिडिएट लेन की सड़क है उस पर जल्द ही टोल टैक्स की वसूली शुरू की जायेगी। टोल स्टेट हाईवे, मेजर डिस्ट्रिक्ट की रोड, माइनिंग एरिया, वन क्षेत्र में चलने वाले कॉमर्शियल वाहनों (ट्रक, डंपर, टेलर, टैक्ट्रर) आदि से लिया जायेगा। जिन सड़कों पर परिचालन के लिए टोल लिया जायेगा उन सड़कों को चिंहित्त किया जा रहा है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देश के बाद पथ निर्माण विभाग ने राज्य भर की सड़कों का सर्वे कराया है। जिनपर परिचालन के बदले यूजर चार्ज/टोल की वसूली की जायेगी। पथ निर्माण विभाग की इंजीनियरों के अनुसार राज्य भर के 425 पथों का सर्वे कराया गया है, जिसकी लंबाई 4856 किमी है। इन सड़कों पर प्रतिदिन लगभग 1,89,000 कॉमर्शियल वाहनों का परिचालन होता है। इंजीनियरों के अनुसार इन पथों में टोल टैक्स वसूलने के पहले सड़क को दो लेन मानक में बदलना होगा। सर्वे में यह बात सामने आयी कि इन सड़कों को अगर अपग्रेड कर कम से कम दो लेन लेकिन किया गया तो 7710 करोड़ रुपये की आवश्यकता होगी। साथ ही टोल लेने के लिए झारखंड हाइवे की नियमावली 2011 में बदलाव करना होगा। हालांकि, रोड अपगे्रड होने की स्थिति में सरकार को सलाना 1380 करोड़ से 3500 करोड़ रुपये तक राजस्व की प्राप्ति संभव हो सकेगी।

राज्य में दो सड़कों से अभी 20.56 करोड़ टोल की हो रही वसूली
राज्य में नेशनल हाइवे में टोल की वसूली एनएचआई के द्वारा की जाती है। जबिक राज्य के अंतर्गत सड़कों पर वर्तमान स्थापित नियम के आधार पर विभाग के द्वारा दो पथों में टोल की वसूली की जाती है। इन पथों को लोक निजी भागीदारी में बनया गया है। इनमें आदित्यपुर-कांड्रा पथ 15 किमी लंबाई, चाइबासा-कांड्रा चौका पथ कुल लंबाई 68.7 किमी दो लेन रोड है। दोनों स्थानों पर बिडिंग प्रोसेस कर टोल आॅपरेटर के माध्यम से टोल लगाया गया है। राज्य सरकार को क्रमश: 8.64 करोड़ एवं 11.92 करोड़ का राजस्व प्राप्त होता है।

इन पर हुआ सर्वे
सड़क की लंबाई,वर्तमान में राइट आॅफ वे,सड़क की चौड़ाई,सड़क पर मालिकाना हक,वाणिज्यक वाहन कितने चलते हैं।
सड़क की कैटीगरी, दो लेन बनाने की लागत
पांच किमी से अधिक या बराबर की सड़क: 255, लंबाई 4499, वाणिज्यक वाहन चलते हैं 141328,ब्रिज है 892, दो लेन सड़क बनाने में लागत 6699 करोड़
10 किमी की सड़क: 173,लंबाई 3933, वाणिज्यक वाहन 105799, ब्रिज है 539, दो लेन बनाने की लागत 5449 करोड़
15 किमी की सड़क: 121,लंबाई 3292,वाणिज्यक वाहन 78793,ब्रिज 320 दो लेन बनाने की लागत 4375 करोड़।
राज्य में सड़कों के स्वामित्व की स्थिति
ओनर पथ निर्माण सीसीएल खनन क्षेत्र वन आरइओ डीवीसी अन्य कुल लंबाई
लंबाई 3130 103 72 12 1366 6 133 4856
नंबर 206 16 13 05 143 2 40 425 4856
अच्छी 71 04 00 00 0 0 0 1 76 989
फेयर 93 06 07 00 22 0 1 129 1725
खराब 43 06 06 05 121 2 38 220 2142